पिछले महीने शिकायतकर्त्ताओं ने इंडियन ऑयल के उच्चाधिकारियों व पैट्रोलियम व नैचुरल गैस मंत्री को भेजी शिकायतें
शिकायत मिलने के तुरंत बाद इंडियन ऑयल स्टाफ ने की थी एकाएक चैकिंग
टॉप सीक्रेट लाइन : रसोई गैस सिलैंडरों की जिस तरह से पूरे देश में मांग बढ़ गई है और इंडियन आयल ने बुकिंग के लिए 25 दिनों बाद की समय सीमा तय की है। इससे लोग पैनिक हो रहे हैं तथा गैस एजैंसियों में लंबी कतारें लग रही हैं। बेशक भारत सरकार ने कहा है कि गैस की कोई किल्लत नहीं तथा समय सीमा के कारण लोग परेशान न हों। फिर भी कुछ लोग गैस चोरी निकाल रहे हैं जिस कारण विभाग की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लगता है।
पिछले महीने बटाला की शिवम इंडेन कंपनी की शिकायत इंडियन ऑयल के उच्चाधिकारियों तथा पैट्रोलियम व नैचुरल गैस मंत्री स. हरदीप सिंह पुरी को भेजी गई थी इस शिकायत में कहा गया है कि शिवम इंडेन के गोदाम में घरेलू गैस सिलैंडरों में 2-2 किलो गैस निकाल कर कमर्शियल गैस सिलैंडर भरे जा रहे थे और इस कारण लोगों को कम गैस सप्लाई की जा रही है जोकि गैर कानूनी है। इस शिकायत में शिकायतकर्त्ता ने गैस निकालने के समय की फोटो भी शिकायत में सलंग्न की है।
छोटे गैस सिलैंडरों में से बड़े गैस सिलैंडर भरने के कारण सरकार के जी.एस.टी. विभाग को भी चूना लगाया जा रहा है। इसके साथ ही सप्लाई करने वाले वैंडर लोगों से ओवरचार्ज भी कर रहे हैं। यह शिकायत लोगों ने लोकहित में पैट्रोलियम व नैचुरल गैस मंत्री स. हरदीप सिंह पुरी व इंडियन ऑयल के उच्चाधिकारियों को दी थी।
शिकायत मिलने के बाद तुरंत प्रभाव से अगले दिन इंडियन ऑयल के उच्चाधिकारियों की एक टीम तुरंत शिवम इंडेन के दफ्तर तथा गोदाम में पहुंची तथा जांच शुरू कर दी। लोगों ने कहा कि टीमों ने आकर चैकिंग जरूर की लेकिन अभी तक शिकायतकर्त्ता तथा कस्टमरों को इस बारे कोई जानकारी नहीं दी गई कि गैस एजैंसी के खिलाफ क्या कार्रवाई की गई। शिकायतकर्त्ता अब इसकी शिकायत जी.एस.टी. विभाग तथा पंजाब के डी.जी.पी. गौरव यादव को देंगे ताकि गलत कार्य करने वाले कानून की नजरों से न बच पाएं।
